Export, SEZ और reverse charge वाला बिल — LUT या IGST भरकर
Basic, Silver और Gold edition में।इस video में दो ख़ास तरह के sale बिल देखेंगे। पहला — विदेश भेजा माल, या SEZ को बेचा माल। दूसरा — ऐसा बिल जिसका GST आप नहीं, आपका ग्राहक भरता है।

ये दोनों switch पहले से बंद रहते हैं। Settings में Trade profile खोलिए, और Exports and SEZ supplies, और Reverse charge outward — जो आपको चाहिए, उस पर निशान लगाइए।

अब sale बिल खोलिए। ऊपर की पट्टी में दो नए switch आ गए — GST charged by, और Supply।

Supply में तीन बटन — Domestic, Export और SEZ। रोज़ के बिल के लिए Domestic ही रहता है।

विदेश माल भेजा है? Export दबाइए। बगल में Tax के दो रास्ते आते हैं — Under LUT or bond, और With IGST paid।

LUT पर बिल में कोई tax नहीं लगता। जिस माल पर आपने input credit लिया था, उसका refund बाद में मिलता है। पट्टी पर लिखा भी आ जाता है कि ये बिल कोई tax नहीं लगाता।

With IGST paid चुनेंगे, तो हर line पर उसके rate से IGST लगता है, और भरे हुए tax का refund बाद में लिया जाता है।

Export और SEZ पर हमेशा IGST ही लगता है, CGST और SGST कभी नहीं। ये GSTR-1 और GSTR-3B में भी अलग हिस्से में जाते हैं।

Export के बिल पर shipping bill के खाने भी आते हैं — port code, number और तारीख। अभी न पता हो, तो खाली छोड़ दीजिए, बाद में भी भर सकते हैं।

SEZ की unit को माल बेचा, तो SEZ दबाइए। इसमें भी वही दो रास्ते हैं — LUT, या IGST भरकर।

save करने पर बिल पर वो line भी छपती है जो उस रास्ते के लिए ज़रूरी है।

एक बात साफ़ — विदेशी currency में बिल बनाना, और refund की अर्ज़ी, ये software में नहीं है। वो आप portal पर ही करते हैं।

अब दूसरा switch — GST charged by। Us forward का मतलब — GST आप लगाते हैं, आप भरते हैं। रोज़ का यही है।

Customer RCM दबाइए, या Alt+G। ये उन बिलों के लिए है जहाँ GST ग्राहक ख़ुद सरकार को भरता है — जैसे goods transport agency की bilty। बिल पर rate लिखा रहता है, पर tax नहीं लगता।

ऐसा बिल export नहीं हो सकता, इसलिए reverse charge चुनते ही export अपने आप हट जाता है। और Rates include GST का निशान भी हट जाता है।

बस। ये switch तभी चालू कीजिए जब आपकी दुकान में ऐसे बिल सच में बनते हों — बाकी सबके लिए बिल पहले जैसा ही रहता है।
